Bastar Maoist surrender: छत्तीसगढ़ के बस्तर अंचल में नक्सलवाद के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। राज्य सरकार की ‘आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति 2025’ और ‘नियद नेल्ला नार योजना’ के सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। इन नीतियों की बदौलत माओवादी विचारधारा से जुड़े युवा अब हिंसा छोड़कर विकास की मुख्यधारा में लौट रहे हैं।
बीजापुर जिले में चलाए जा रहे अभियान “पूना मारगेम – पुनर्वास से पुनर्ज़ीवन” के तहत ₹66 लाख के इनामी कुल 51 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया। यह जानकारी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दी। उन्होंने कहा कि यह कदम बस्तर की शांति और विकास की दिशा में ऐतिहासिक साबित होगा।

माओवादी अब विकास में निभाएंगे भूमिका
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यह आत्मसमर्पण सिर्फ हिंसा छोड़ने का निर्णय नहीं है, बल्कि यह एक बेहतर समाज और सुरक्षित भविष्य की ओर बढ़ाया गया कदम है। आत्मसमर्पण करने वाले माओवादी अब पुनर्वास नीति के तहत सरकारी योजनाओं का लाभ लेंगे और रोजगारोन्मुखी कार्यक्रमों से जुड़कर अपना जीवन दोबारा संवार सकेंगे।
उन्होंने कहा कि बस्तर के लोग वर्षों तक भय और हिंसा के साए में जीते रहे हैं। लेकिन अब स्थिति बदल रही है। राज्य सरकार की जन-सहभागिता आधारित नीतियों के कारण आम लोगों में विश्वास बढ़ा है और वे नक्सलवाद को अस्वीकार कर शांति की राह चुन रहे हैं।
पुनर्वास की रोशनी से मिट रहा भय का अंधकार
— Vishnu Deo Sai (@vishnudsai) October 29, 2025
छत्तीसगढ़ सरकार की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति 2025 और नियद नेल्ला नार योजना ने माओवाद की हिंसक विचारधारा में लिप्त युवाओं में नया विश्वास जगाया है। हिंसा का रास्ता छोड़कर वे अब मुख्यधारा में लौट रहे हैं।
बीजापुर जिले में चलाए जा रहे…
Bastar Maoist surrender: बदल रहा बस्तर
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में परिवर्तन सिर्फ सुरक्षा बलों की कार्रवाई का परिणाम नहीं है, बल्कि सरकार की मानवता-आधारित नीतियों और संवाद केंद्रित पहल का नतीजा है।
उन्होंने कहा:
“सरकार का मानना है कि संवाद ही नक्सलवाद की समस्या का स्थायी समाधान है। हमारी कोशिश है कि गुमराह युवाओं को समाज से जोड़ा जाए और उन्हें सम्मानजनक जीवन दिया जाए।”

नक्सल-मुक्त भारत
Bastar Maoist surrender: मुख्यमंत्री साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार जताया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के मार्गदर्शन और सहयोग से नक्सलवाद के खिलाफ अभियान और मजबूत हुआ है।
“माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश नक्सल मुक्त भारत के लक्ष्य की ओर तेज़ी से बढ़ रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जी के मार्गदर्शन ने इस अभियान को नई दिशा दी है।”

