CM Mohan on Budget: मध्यप्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार 18 फरवरी 2026 को अपना तीसरा बजट पेश करने जा रही है। 16 फरवरी से विधानसभा सत्र शुरू हो रहा है, और बजट में मेगा विकास के साथ-साथ सभी वर्गों के कल्याण पर विशेष जोर दिया जाएगा। अनुमानित बजट करीब 4.63 लाख करोड़ रुपये के आसपास होने की उम्मीद है, जिसे वित्त मंत्री और उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा विधानसभा में प्रस्तुत करेंगे।
युवाओं और महिलाओं पर फोकस
सरकार का यह बजट समावेशी विकास के एजेंडे पर आधारित होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि बजट प्रदेश के भविष्य को मजबूत बनाने का एक रोडमैप है। उन्होंने बताया कि- मध्यप्रदेश में बेरोजगारी दर घटकर मात्र 1.5 प्रतिशत रह गई है, और इसमें लगातार सुधार हो रहा है। बजट निवेशकों का विश्वास बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। केंद्रीय बजट की तर्ज पर यहां भी गरीबों, युवाओं और महिलाओं पर विशेष फोकस रहेगा।

रोजगार और निवेश पर जोर
युवाओं के लिए नई संभावनाएंबजट में रोजगार सृजन, निवेश आकर्षण और शहरों के विकास को प्राथमिकता दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि -‘यह बजट गरीबों, महिलाओं और युवाओं के कल्याण को मजबूत करेगा। सरकारी नौकरियों में बड़े ऐलान की संभावना है, साथ ही युवाओं के कौशल विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए नई योजनाओं का एलान हो सकता है। प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निवेशकों को आकर्षित करने वाली नीतियां शामिल की जा सकती हैं।’
कृषि और ग्रामीण विकास पर भी होगा फोकस
किसानों की समृद्धि पर फोकस, बजट में कृषि क्षेत्र और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने वाली योजनाओं पर विशेष ध्यान रहेगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि- ‘किसानों के कल्याण और ग्रामीण विकास के लिए कई नई पहलें शुरू की जाएंगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक समृद्धि बढ़ेगी और प्रदेश की समग्र विकास दर में सुधार होगा।’

गरीबो से लेकर महिला तक
मोहन यादव ने कहा कि- ‘बजट में सभी वर्गों का ध्यान रखा जाएगा। यह बजट रोजगार, निवेश, शहरों के विकास और गरीब-महिला-युवाओं के कल्याण को मजबूत करेगा।’
सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाना।

